Since: 23-09-2009
रेस्क्यू टीम की मेहनत की सबने की सराहना
छत्तीसगढ़ के जांजगीर में चार दिनों से फसे राहुल को रेस्क्यू टीम ने बचा लिया। बोरवेल में फंसे राहुल को बचाने में रेस्क्यू टीम प्रमुख भूमिका रही एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और सेना के जवान पांच दिनों तक विपरीत परिस्थितियों के बावजूद आपरेशन राहुल को अंजाम तक पहुंचाया। राहुल के बाहर आने पर कलेक्टर जितेंद्र शुक्ला, एसपी विजय अग्रवाल समेत पूरी टीम की मेहनत और हौसले की सराहना करते हुए ग्रामीण व पूरे जिले के लोगों ने तारीफ की और सलाम किया । राहुल की मां और दादी को पहले से ही एम्बुलेंस में बैठा दिया गया था, ताकि साथ में बिलासपुर तक जाने उन्हें कोई अड़चन न हो और शीघ्र ही यहां से रवाना हो सके। राहुल को बचाने रविवार 12 जून को गुजरात से रोबोट इंजीनियर महेश अहिर के नेतृत्व पिहरीद पहुंची और उनके द्वारा रोबोट को उतारकर बालक को बाहर निकालने का प्रयास किया गया, लेकिन बालक किनारे में बैठे होने के कारण रोबोट की जद में नहीं आ सका। टीम ने पाइप व रस्सी के माध्यम से उसे निकालने दोबारा प्रयास किया। मगर बालक सुन और बोल नहीं सकता, इसलिए उसने रस्सी नहीं पकड़ी और रोबोटिक टीम को राहुल को निकालने में सफलता नहीं मिली। राहुल को बचाने में जहां प्रशासन ने एड़ी चोटी का जोर लगाया वहीं सीएम भूपेश बघेल ने इस पर लगातार नजर बनाये रखी।
MadhyaBharat
|
All Rights Reserved ©2026 MadhyaBharat News.
Created By:
Medha Innovation & Development |