CBSE का बड़ा फैसला: अब रीजनल ऑफिस में होगी उत्तर पुस्तिका की फिजिकल जांच
Central Board of Secondary Education ने बोर्ड परीक्षा परिणामों में पारदर्शिता बढ़ाने के लिए नई व्यवस्था लागू की है। अब वे छात्र, जिन्होंने अंकों के वेरिफिकेशन के लिए आवेदन किया था लेकिन जांच के बाद भी उनके अंकों में कोई बदलाव नहीं हुआ, अपनी उत्तर पुस्तिका की फिजिकल जांच करवा सकेंगे। इसके लिए छात्रों को CBSE के संबंधित क्षेत्रीय कार्यालय जाना होगा। बोर्ड ने इस संबंध में आधिकारिक अधिसूचना जारी कर दी है।
CBSE के अनुसार यह सुविधा सभी विद्यार्थियों को नहीं मिलेगी। केवल वही छात्र पात्र होंगे जिनके वेरिफिकेशन आवेदन का परिणाम "नो चेंज" रहा है। बोर्ड जल्द ही क्षेत्रीय कार्यालयों में उत्तर पुस्तिकाओं के निरीक्षण के लिए विस्तृत कार्यक्रम, समय-सारिणी और प्रक्रिया जारी करेगा। इससे पहले वेरिफिकेशन प्रक्रिया पूरी होने के बाद छात्रों के पास उत्तर पुस्तिका की भौतिक जांच का कोई विकल्प उपलब्ध नहीं था।
इस नई व्यवस्था का उद्देश्य मूल्यांकन प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और जवाबदेह बनाना है। इससे उन विद्यार्थियों को राहत मिलेगी जिन्हें अब भी अपनी कॉपी के मूल्यांकन को लेकर संदेह है। वहीं CBSE ने कक्षा 12वीं के री-इवैल्यूएशन परिणाम भी चरणबद्ध तरीके से जारी करने शुरू कर दिए हैं। बोर्ड के अनुसार अब तक प्राप्त आवेदनों में से 87 प्रतिशत से अधिक के परिणाम घोषित किए जा चुके हैं और शेष मामलों की प्रक्रिया तेजी से पूरी की जा रही है। इससे छात्रों को अपनी शंकाओं का समाधान करने और मूल्यांकन प्रक्रिया पर अधिक भरोसा करने का अवसर मिलेगा।