Since: 23-09-2009
मध्य प्रदेश में 2027 में होने वाले नगर निगम और नगरपालिका चुनावों की तैयारी अभी से शुरू हो गई है। चुनाव में लगभग डेढ़ वर्ष का समय बाकी होने के बावजूद राज्य सरकार ने महापौर और नगरपालिका अध्यक्ष पदों के आरक्षण की प्रक्रिया के लिए अधिकारियों की जिम्मेदारी तय कर दी है। नगरीय विकास एवं आवास विभाग द्वारा जारी आदेश के अनुसार आयुक्त, नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग को आरक्षण प्रक्रिया का अधिकृत अधिकारी नियुक्त किया गया है।
सरकार ने स्पष्ट किया है कि महापौर और अध्यक्ष पदों का आरक्षण मध्यप्रदेश नगरपालिका (महापौर एवं अध्यक्ष पद आरक्षण) नियम, 1999 के प्रावधानों के तहत किया जाएगा। इसी क्रम में राज्य निर्वाचन आयोग भी आगामी चुनावों को ध्यान में रखते हुए नगरीय निकायों की मतदाता सूची तैयार कराने की प्रक्रिया में जुट गया है। इससे साफ संकेत मिल रहे हैं कि सरकार चुनावी तैयारियों को समय रहते व्यवस्थित करना चाहती है।
वर्तमान नियमों के अनुसार नगर निकायों में 50 प्रतिशत पद महिलाओं के लिए आरक्षित रहते हैं, जबकि अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति वर्ग को उनकी जनसंख्या के अनुपात में आरक्षण मिलता है। अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के लिए 27 प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान है और इसका निर्धारण रोटेशन प्रणाली के तहत किया जाता है। प्रदेश के सभी नगर निगमों में महापौर पदों का आरक्षण लॉटरी के माध्यम से तय किया जाएगा, जिससे विभिन्न वर्गों को प्रतिनिधित्व का अवसर मिल सके।
Patrakar Priyanshi Chaturvedi
|
All Rights Reserved ©2026 MadhyaBharat News.
Created By:
Medha Innovation & Development |